क्या, कैसे, कहाँ, क्यों, है, आदि, जाने

hf अणु hi अणु से अधिक ध्रुवीय क्यों है?

hf अणु hi अणु से अधिक ध्रुवीय क्यों है – नमस्कार दोस्तो! स्वागत हैं आपका Techly360.com हिन्दी ब्लॉग में. और आज के इस आर्टिकल में हम जानेंगे Hf Anu Hi Anu Se Adhilk Dhruviy Kyu Hai तो अगर आपके मन मे भी यही सवाल चल रहा था, तो इस सवाल का जवाब मैंने नीचे उपलब्ध करवा दिया हैं.

दोस्तों आप मे से बहुत सारे दोस्तों ने इस सवाल का जवाब जानने के लिए गूगल असिस्टेंट से जरूर पूछा होगा की “ओके गूगल hf अणु hi अणु से अधिक ध्रुवीय क्यों है? “अथवा hf अणु hi अणु से अधिक ध्रुवीय क्या है” और गूगल असिस्टेंट आपको इस सवाल से जुड़ी कई और सवाल और उसका उत्तर आपके साथ साझा करता हैं.

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hf अणु hi अणु से अधिक ध्रुवीय क्यों है?

दोस्तों, इसे हम अगर सरल रूप में समझे तो फ्लोरीन की विद्युत ऋणात्मकता आयोडीन से अधिक होती है, इसलिए इलेक्ट्रॉनों का विस्थापन HF में HI की तुलना में अधिक होता है.


निष्कर्ष दोस्तों आपको यह “hf अणु hi अणु से अधिक ध्रुवीय क्यों है – Hf Anu Hi Anu Se Adhilk Dhruviy Kyu Hai का आर्टिकल कैसा लगा? निचे हमे कमेंट करके जरुर बताये. साथ ही इस पोस्ट को अधिक से अधिक शेयर जरुर करे.

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